माँ की भक्ति देखकर अचंभित हूँ
आशंकित भी हूँ
माँ,तुम किस तरह से
इतनी तकलीफ में भी
जीवित रही
अपनी भक्ति के बल पर
माँ , तुम महँ हो
मुझे गर्व है की मई
आपकी संतान हूँ
आशंकित भी हूँ
माँ,तुम किस तरह से
इतनी तकलीफ में भी
जीवित रही
अपनी भक्ति के बल पर
माँ , तुम महँ हो
मुझे गर्व है की मई
आपकी संतान हूँ
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